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Lab (लब)

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लबों की शायरी: खूबसूरत अहसास मधुर और दिलकश लम्हे जो बयां करते हैं लबों का जादू तुम्हारे लबों पे हंसी हो सदा, यही है दुआ मेरी, चाहे कितनी भी हो दूरियां, पूरी हो हर खुशी तेरी। जब भी देखता हूं मैं तेरे लबों को मुस्कुराते हुए, भूल जाता हूं गम सारे, दिल झूम उठता है गाते हुए। उनकी खामोशी भी कुछ कह जाती है, जब लब उनके हिलते हैं, न जाने कितने राज़, उनकी नज़र में मिलते हैं। तेरी लबों की लाली, जैसे शाम की सूरज की रोशनी, देखूं तो लगे हर शाम, जैसे कोई नई कहानी। उनके लबों से जो निकली बात, वो दिल में उतर गई, सारी दुनिया की दौलत, उस पल में बिखर गई। ...

Ghaisu (गैसूर)

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हुस्न-ए-गैसूर: एक काव्यात्मक सफर केसुलों की मदहोश कर देने वाली खूबसूरती पर 30 से अधिक शायरियां तेरी ज़ुल्फ़ों की घटा जब भी लहराती है, दिल में मेरे एक तूफानी सी हलचल मचाती है, ऐ मेरे गैसूर। रुख पर जो बिखरे हैं तेरे काले गैसूर, देखकर उन्हें हर दिल हो गया मजबूर। शब-ए-हिज्र में याद आते हैं तेरे गैसूर, दिल की तन्हाई में बन जाते हैं वो नूर। हवा से खेलती जब तेरी लटें आती हैं, खुशबू बिखेरकर दिल को मेरे महकाती हैं, ये तेरे गैसूर। इन गैसूर की कसम, हमने वफा की है, हर सांस तेरी यादों से हमने भरी है। अदा से जब तू अपने गैसूर संवारती है, ...

Zulf (ज़ुल्फ़)

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ज़ुल्फ़: काली घटा सी, रेशम सी मोहब्बत और ज़ुल्फ़ों का गहरा रिश्ता चेहरे पे मेरे ज़ुल्फ़ को फैलाओ किसी दिन, क्या रोज़ गरजते हो, बरस जाओ किसी दिन। तेरी ज़ुल्फ़ों की छांव में दिल आराम पाता है, हर लहराती लट पे दिल मेरा फिसल जाता है। आह को चाहिए इक उम्र असर होने तक, कौन जीता है तिरी ज़ुल्फ़ के सर होने तक। सोचा था हम ने आज सँवारेंगे वक़्त को, अब हाथ में है ज़ुल्फ़ , तो फिर ज़ुल्फ़ ही सही। तेरी ज़ुल्फ़ें बिखर जाएं तो आफत लगती हैं, और बांध ले तो कयामत लगती हैं। किसने भीगे हुए बालों से ये छटका पानी, झू...

Nigaah (निगाह)

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Nigaah (निगाह): An Ode to Gaze Capturing Emotions Through the Lens of Nigaah उसकी पहली निगाह ने ही दिल चुरा लिया। तेरी निगाहों से ही शुरू हुई कहानी मेरी। क्या खूब अदा थी, तेरी निगाह का जादू। एक पल की निगाह ने उम्र भर का दर्द दे दिया। जब से मिली निगाह तुझसे, चैन-ओ-करार गया। ये निगाहें बोलती हैं, वो लब क्या बोल पाएंगे। तेरी निगाहों में देखा है, मैंने सारा जहां। बड़ी गहरी हैं तेरी निगाहें , डूब जाने को जी चाहे। बस एक निगाह काफी है, हाल-ए-दिल बताने को। निगाहों से घायल करके, तुम कहां चले गए। उसकी निगाह में वो कशिश थी, जो कहीं और न थी। तेरी निगाह का ये तीर, सीधा दिल में उतरा। ...

Nazar (नज़र)

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नज़र की बातें दिल से निकली हर नज़र झुकी झुकी नज़र तेरी कमाल कर जाती है, उठती है एक बार और सौ सवाल कर जाती है !! ओ आँख चुरा के जाने वाले, हम भी थे कभी तेरी नज़रों में !! हर नजर में मुमकिन नहीं है बे-गुनाह रहना, वादा ये करें कि खुद की नजर में बेदाग रहें। जलने दे चिराग मुझे अँधेरे से डर लगता हैं, आँखे बंद भी करू तो उसका चेहरा नज़र आता है। अल्फ़ाजो में ढूंढ़ता हूं तुम्हें, हकीकत में कहाँ तुम नज़र आते हो। कुछ यूँ मिली नज़र उनसे बाकी सब नज़र अंदाज़ हो गए। तेरी नज़र ने दिल में एक नई दुनिया बसा दी, मेरे हर ख्वाब को सच बना दिया। तेरी नज़र से प्यार की महक आई, अब दिल में बस तेरा ही राग समाई। तेरी नज़र से जो रोशनी मिली, मेरे अंधेरे दिल में तू ही तो समाई। ...

Nayan (नयन)

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नयन: दिलकश शायरी का संगम तेरे नयन जैसे गहरे समंदर, जिनमें डूब जाने को जी चाहता है। पलकें झुकीं तो रात हुई, पलकें उठीं तो सुबह, क्या कहें इन नयन की अदा पर। तेरे नयन की हर एक भाषा, मेरे दिल का हर राज़ जानती है। इन मदहोश नयन ने, जाने कितनों को दीवाना बनाया है। जब से देखा है तेरे नयन को, हर चेहरा बेगाना लगता है। क्या जादू है तेरे नयन में, कि हर बार उन्हीं में खो जाता हूँ। तेरी नयन की गहराई में, एक पूरा जहान छुपा है। बिन कहे सब कह जाते हैं, ये खामोश नयन तेरे। एक झलक तेरे नयन की, और दिल में इश्क़ की बारिश हो जाती है। काश इन नयन का दामन, उम्र भर मेरे दामन में रहता। तेरे नयन की गहराई, हर राज़ को बयान करती है, बिन बोले ही सब कहती है।...

Chashm (चश्म)

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चश्म: इश्क की ज़ुबान तुम्हारी चश्म (चश्म) का हर नज़ारा, मेरे दिल में उतर जाता है, हर बार जब तुम मुस्कुराती हो, मेरा हर गम बिखर जाता है। इन गहरी चश्म (चश्म) में छुपा है एक समंदर गहरा, मैं डूबना चाहता हूँ इसमें, पाकर तुम्हारा चेहरा। जब से देखा है तुम्हारी चश्म (चश्म) का नूर, हर शय बेनूर लगती है, हर शय बेकसूर। तेरी चश्म (चश्म) -ए-मयगूं का हर इशारा, दीवाना बना देता है, कौन कहता है शराब ज़रूरी है, जब ये जाम पिला देता है। वो चश्म (चश्म) -ए-हया जो झुकती है, कमाल कर जाती है, हज़ार बातें बिन बोले, वो बयान कर जाती है। फ़लक भी हैरान है, चाँद भी परेशान है, जब से देखा है तेरी चश्म (चश्म) में मेरा जहान है। मेरी हर सुबह, मेरी ह...