Bikhre (बिखरे)
बिखरे अरमानों की दास्तान (Bikhre Armaanon Ki Daastaan)
1. टूटे दिल के टुकड़े
टूटे दिल के टुकड़े, क्या समेटे कोई,
यादें तेरी आज भी, हर तरफ़ बिखरे हुई।
2. ख्वाबों के रेशे
ख्वाबों के रेशे, पलकों से गिरे,
उम्मीदों के मोती, कहीं दूर बिखरे।
3. हवाओं में खुशबू
हवाओं में खुशबू, तेरी याद की,
मेरे लम्हों में तू, हर पल बिखरे।
4. रातों की तन्हाई
रातों की तन्हाई, चाँदनी सी उदास,
आँखों में आँसू, कहीं आज भी बिखरे।
5. रिश्तों की डोरें
रिश्तों की डोरें, जो उलझी कभी,
टूटे हुए पल, अब हर सू बिखरे।
6. किताबों के पन्ने
किताबों के पन्ने, खाली से लगे,
अल्फ़ाज़ मेरे, आज फिर बिखरे।
7. बचपन की गलियाँ
बचपन की गलियाँ, वो भूले हुए खेल,
यादों के टुकड़े, अब मन में बिखरे।
8. सितारों की चमक
सितारों की चमक, फीकी सी पड़ी,
मेरे अरमान, ज़मीं पर बिखरे।
9. बागों में फूल
बागों में फूल, अब मुरझा गए,
ख्वाबों के रंग, दिल में बिखरे।
10. खामोशी में भी
खामोशी में भी, एक शोर सा था,
जज़्बात मेरे, आज यूँ बिखरे।
11. दिलों के फासले
दिलों के फासले, कम ना हुए,
इल्ज़ाम आज भी, हवा में बिखरे।
12. मौसम बदले
मौसम बदले, पर तू ना बदला,
तेरी यादें, हर मौसम में बिखरे।
13. अंधेरों में रोशनी
अंधेरों में रोशनी, तलाशते रहे,
उजालों में भी, हम यूँ बिखरे।
14. पत्तों सी ज़िन्दगी
पत्तों सी ज़िन्दगी, पतझड़ में हुई,
खुशियों के लम्हे, अब कहाँ बिखरे।
15. शाम ढले जब
शाम ढले जब, तेरी याद आई,
आँसू मेरे, पलकों से बिखरे।
16. मिट्टी की खुशबू
मिट्टी की खुशबू, बरसात के बाद,
मेरे सपने, अब भी बिखरे।
17. राहों में काँटे
राहों में काँटे, चुभते रहे,
सपनों के महल, कैसे बिखरे।
18. वक्त की आंधी
वक्त की आंधी में, सब उड़ गया,
बस दिल के टुकड़े, आज भी बिखरे।
19. चाँदनी रात में
चाँदनी रात में, उसकी याद आई,
जुगनू से पल, अब कहाँ बिखरे।
20. हर चीज़ अपनी
हर चीज़ अपनी, खो सी गई,
ख़ुद को ढूंढते, हम यूँ बिखरे।
21. लफ़्ज़ों के जाल में
लफ़्ज़ों के जाल में, उलझ गए,
ख़ामोशी के मोती, क्यों बिखरे।
22. सवालों के घेरे में
सवालों के घेरे में, उलझा रहा,
जवाब मेरे, अब कहीं बिखरे।
23. तारे टूटते देखे
तारे टूटते देखे, हर रात में,
मेरी दुआएँ, अब कैसे बिखरे।