Baahon (बाहों)

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प्रेम भरी बाहों के अहसास पर शायरी

जब भी मिला इन बाहों का सहारा, हर ग़म लगा प्यारा

तेरी बाहों में जब से सुकून मिला है,
हर गम, हर दर्द जैसे कहीं गुम हुआ है।

इन बाहों का घेरा, ये एहसास प्यारा,
लगे जैसे मिल गया हो मुझे जन्नत का नज़ारा।

तेरी बाहों में सिमट कर, भूल जाऊं दुनिया,
बस तू हो और मैं हूँ, रहे ना कोई दूजा।

काश थम जाए लम्हा, तेरी बाहों में ऐसे,
कि सारी उम्र कट जाए, बस यहीं पर जैसे।

जब से तेरी बाहों में पनाह मिली है,
लगता है हर ख्वाहिश मेरी पूरी हुई है।

थक कर जब भी आया, तेरी बाहों में जागा,
हर दर्द से मुझको, तूने ही है बचाना।

वो पल जब तू आती है, मेरी बाहों में,
लगता है जैसे चाँद उतर आया हो मेरे गाँव में।

तेरी बाहों की गर्माहट, वो मीठा सा एहसास,
इसी में तो बसता है, मेरा हर एक साँस।

क्या जादू है तेरी बाहों में ऐ सनम,
लगता है जैसे रुक जाए यहीं पर हर एक गम।

जब तक तेरी बाहों का सहारा नहीं मिलता,
ये दिल मेरा कहीं चैन नहीं पाता।

मेरी हर दुआ में शामिल, तेरी बाहों का नज़ारा,
इसी में है जीवन मेरा, इसी में है गुज़ारा।

तन्हाई में अक्सर, तेरी बाहों को ढूंढे,
ये दिल मेरा आवारा, बस तुझको ही चाहे।

चाहे जितने भी गम हों, बाहों में तेरी खो जाऊं,
एक पल को ही सही, सारा जहां भूल जाऊं।

मेरी हर रात की नींद, तेरी बाहों में हो पूरी,
रह जाए ना कोई भी ख्वाहिश अधूरी।

तेरी बाहों में आके, मिली हर खुशी,
लगता है जैसे ज़िंदगी फिर से सजी।

जब भी दिल ये घबराए, तेरी बाहों की याद आए,
एक तेरे ही आगोश में, मुझको सुकून मिल जाए।

ये दुनिया की बातें, फिजूल लगती हैं,
जब तेरी बाहों में मेरी शामें ढलती हैं।

तेरे सिवा कोई और, अब भाता नहीं है,
तेरी बाहों से दूर, ये दिल जाता नहीं है।

ख्वाबों में भी अक्सर, तेरी बाहों में सोते हैं,
हकीकत में मिले ना मिले, फिर भी रोते हैं।

मेरी साँसों में घुल जाए, तेरी बाहों की खुशबू,
बन जाऊं मैं तेरा, और मेरी बन जाए तू।

हर पल हर लम्हा, तेरी बाहों की तमन्ना,
बस तुझमें ही जीना है, बस तुझमें ही मरना।

जब से मिला है साथ तेरा, तेरी बाहों का किनारा,
हर मुश्किल लगी आसान, हर अंधेरा हुआ रोशन सारा।

इन बाहों में छुपा है, मेरे दिल का हर राज़,
तू सुन ले चुपके से, मेरी अनकही आवाज़।

मेरी सुबह, मेरी शाम, तेरी बाहों से शुरू हो,
हो जाए पूरी ज़िंदगी, अगर तू मेरी रूबरू हो।

दर्द जब हद से गुजरे, तेरी बाहों में समा जाऊं,
मिल जाए कहीं राहत, और मैं मुस्कुराऊं।

तेरी बाहों में ही तो है, मेरा सच्चा ठिकाना,
इसी में है जीना, इसी में मर जाना।

दुनिया चाहे कुछ भी कहे, हमें परवाह नहीं है,
जब तक तेरी बाहों में, मेरा आशियाँ सही है।

हर जन्म में चाहूँ, तेरी बाहों का साथ,
ना छूटे कभी मेरा हाथ, ना टूटे कभी ये बंधन।

तेरी बाहों के बिना, सब कुछ अधूरा लगता है,
तेरे आने से ही तो, हर लम्हा पूरा लगता है।

सिमट कर तेरी बाहों में, भुला दूँ हर गम को,
बस यहीं ठहर जाऊं, रोक लूँ इस पल को।

सुना है बाहों में तेरी, जन्नत का बसेरा है,
आ जाऊं मैं भी वहीं, जहां तेरा डेरा है।

तेरी बाहों का अहसास, हर दर्द को मिटा देता है,
ये दिल मेरा, बस तुझ पर ही मर मिटा देता है।

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