Jadoo (जादू)
जादूगरनी दुनिया: जादू भरी शायरी का संग्रह
शायरी 1:
तेरी आँखों का क्या कहूँ, हर अदा में एक जादू है,
जो देख ले एक बार, वो हो जाए बेकाबू है।
शायरी 2:
मोहब्बत का ये कैसा जादू है, जो सब पर छा जाता है,
जो भी इससे मिलता है, बस उसका होकर रह जाता है।
शायरी 3:
लबों पे मुस्कान, आँखों में शरारत, ये कैसा जादू है,
हर बात में तेरी, दिल मेरा तुझपे मरता है।
शायरी 4:
तेरी यादों का जादू कुछ ऐसा है, जो मिटता नहीं,
चाहे कितनी भी दूरियाँ हों, तेरा साथ छूटता नहीं।
शायरी 5:
हर रात तेरे ख्वाबों का, मेरे दिल पे जादू चलता है,
सुबह होते ही फिर तेरी ही धुन में यह मन रमता है।
शायरी 6:
तेरी मीठी बातों में ऐसा जादू है, कि होश उड़ जाते हैं,
तेरी एक झलक से, सारे गम दूर हो जाते हैं।
शायरी 7:
ये मौसम का जादू है या तेरी अदा का कमाल,
जो भी देखता है तुझे, बस कहता है बेमिसाल।
शायरी 8:
जब तुम पास आते हो, हर तरफ जादू छा जाता है,
हर पल, हर लम्हा, बस तुम्हारा ही नशा चढ़ जाता है।
शायरी 9:
तेरी आवाज़ में है वो जादू, जो दिल को छू जाता है,
हर अल्फाज़ तेरा, एक नई धुन सुना जाता है।
शायरी 10:
इन सितारों में है जादू, या तेरी निगाहों का असर,
चाँद भी शर्मा जाए, जब तू देखे इधर।
शायरी 11:
तेरी छुअन में है वो जादू, जो रूह को सहलाता है,
हर दर्द, हर गम, पल भर में भुला जाता है।
शायरी 12:
ये हंसी, ये अदा, ये तेरा अंदाज़, सब एक जादू है,
जो एक बार देख ले, बस उसका ही हो जाए हर राज़ है।
शायरी 13:
तेरी साँसों में है वो जादू, जो मुझे मदहोश करता है,
हर पल तेरी खुशबू से, मेरा मन झूम उठता है।
शायरी 14:
ये दिल का जादू है, जो तुझपे छाया है,
अब तो हर जगह, बस तेरा ही अक्स नज़र आया है।
शायरी 15:
तेरी बातों में वो जादू है, जो सबको बाँध लेता है,
जो सुन ले एक बार, वो तेरा ही होकर रह लेता है।
शायरी 16:
खुशियों का जादू है, या तेरी मौजूदगी का असर,
जिंदगी में रौनक आ गई, जब से मिली तेरी खबर।
शायरी 17:
ये तेरा रूप, ये तेरी अदा, हर एक में जादू भरा है,
तेरी हर बात, मेरे दिल को प्यारा है।
शायरी 18:
तेरी यादों का जादू है, जो हर पल रहता है,
चाहे दिन हो या रात, मेरा मन तुझसे ही कुछ कहता है।
शायरी 19:
इश्क़ का ये कैसा जादू है, जो सर चढ़कर बोलता है,
हर धड़कन, हर साँस, बस तेरा ही नाम तोलता है।
शायरी 20:
तेरी मुस्कान में है वो जादू, जो दिल को बहलाता है,
हर गम को भुलाकर, एक नई उम्मीद जगाता है।
शायरी 21:
ये हवाओं में घुला, तेरी खुसबू का जादू है,
जो भी पास से गुजरे, वो हो जाए बेकाबू है।
शायरी 22:
तेरी आँखों की गहराई में, एक अजीब सा जादू है,
जो देख ले एक बार, वो खो जाए बेकाबू है।
शायरी 23:
हर रात चाँद में तेरा ही अक्स, ये कैसा जादू है,
हर तारा भी चमकता है, जैसे तेरी ही दादू है।
शायरी 24:
तेरी सादगी में भी है, एक गहरा जादू,
जो छू ले दिल को, बना दे उसे आरजू।
शायरी 25:
तेरी खामोशी में भी है, एक अनकहा जादू,
जो हर राज़ को खोल दे, हर उलझन को सुलझा दे।
शायरी 26:
ब
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