Kasak (कसक)
कसक (Kasak) - दिल को छू लेने वाली शायरी
कसक का हर पल
दिल में अब भी है वो पहली मुलाकात की कसक,
भूल पाया न उसे, चाहे गुज़रे कितने भी पल।
अधूरी बात की कसक
कह न पाए जो बातें, वो अधूरी रह गईं,
आज भी दिल में एक मीठी सी कसक है।
इंतज़ार की कसक
कब आओगे तुम, इसी आस में बीत रही है ज़िन्दगी,
आँखों में है इंतजार की और दिल में कसक।
यादों की कसक
तेरी यादों की कसक हर पल सताती है मुझको,
कैसे कह दूँ कि अब तुम याद नहीं आते मुझको।
बिछड़न की कसक
वो बिछड़न का मंज़र, वो तेरी आखिरी नजर,
आज भी दिल में है उस पल की गहरी कसक।
अधूरी ख्वाहिशों की कसक
ख्वाहिशें जो अधूरी रह गईं, देती हैं वो चुभन,
हर साँस में महसूस होती है उनकी कसक।
तेरी कमी की कसक
तेरी कमी की कसक है, जो हर पल रुलाती है,
कैसे काटूँ ये रातें, जब नींद नहीं आती है।
दबी हुई कसक
दबा के रखा है दिल में एक राज़ पुराना,
उसकी कसक ने ही तो सिखाया है मुस्कुराना।
चाहत की कसक
चाहत का वो जुनून, अब भी वैसा ही है,
दिल में है उसकी चाहत की एक हल्की कसक।
गुज़रे लम्हों की कसक
गुज़रे लम्हों की कसक है दिल में बाकी,
कैसे भुला दूँ वो पल, वो बातें सुहानी।
अधूरे ख़्वाबों की कसक
कुछ ख़्वाब अधूरे ही रहे, कुछ उम्मीदें टूट गईं,
बची है बस एक कसक, जो दिल में चुभती है।
अकेलेपन की कसक
अकेलेपन की कसक अब और सताती नहीं,
तुम्हारी यादों में ही अब रात गुज़र जाती है।
प्यार की कसक
वो प्यार की कसक ही थी जिसने जगाया था,
वरना दिल तो कब का सो चुका होता।
अधूरी कहानी की कसक
हमारी कहानी अधूरी रह गई, उसका गम नहीं,
बस उस अधूरी कहानी की कसक है दिल में।
हर साँस में कसक
हर साँस में है तुम्हारी यादों की कसक,
लगता है जैसे तुम यहीं कहीं हो, आस-पास।
जुदाई की कसक
जुदाई की कसक ने हमें जीना सिखाया,
हँसते हुए भी आँसू छिपाना सिखाया।
खोए हुए पल की कसक
खोए हुए पल की कसक है दिल में अभी तक,
काश लौट आएं वो दिन, जब तुम थे मेरे हमदम।
मीठी सी कसक
ये जो मीठी सी कसक है, दिल में हर शाम,
लगता है जैसे तुम याद करते हो सुबहो-शाम।
मुस्कुराहट में कसक
मेरी हर मुस्कुराहट में छिपी है एक कसक,
कोई पढ़ ले तो शायद समझ जाए मेरा दर्द।
तेरी यादों की कसक
तेरी यादों की कसक से ही रौशन है मेरा जहाँ,
कैसे बुझा दूँ ये शमा, जब तुम ही हो मेरा आशियाँ।
रात भर की कसक
रात भर जागता रहा, तेरी यादों में खोया,
सुबह होते ही महसूस हुई एक नई कसक।
अनकही कसक
ये अनकही कसक ही तो है जो हमें जोड़ती है,
वरना लफ्ज़ तो अक्सर धोखा दे जाते हैं।
दूरियों की कसक
दूरियों ने बढ़ा दी है दिल की कसक और,
अब तो बस तेरे करीब आने की दुआ है हर ओर।
हर आंसू में कसक
मेरी आँखों के हर आँसू में एक कसक है,
जो तेरी यादों की गवाही देती है हर पल।
खामोशी में कसक
मेरी खामोशी में भी एक गहरी कसक है,
जिसे सिर्फ मेरा दिल ही महसूस कर सकता है।
अधूरे सपनों की कसक
जो सपने अधूरे रह गए, उनकी कसक है,
पर ये कसक भी तो जीने की एक वजह है।